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समन्तभद्र

18 articles in the archive discuss समन्तभद्र, from Jain Vidya, Jnana Desana, Sambodhi (1985–2011). Open any article for its summary, citation and original PDF.

18 articles

Articles discussing समन्तभद्र

  1. सारस्वताचार्य समन्तभद्र : व्यक्तित्व और कर्तृत्व

    डॉ. आदित्य प्रचण्डिया 'दीप्ति' · Jain Vidya, 1996

    “सारस्वताचार्य समन्तभद्र असाधारण व्यक्तित्व के स्वामी तथा श्रुतधर आचार्य थे। जैनेन्द्र व्याकरण मे समागत चतुष्टयं समन्तभद्रस्यं ' (सूत्र- 5.4. 168) के उल्लेख से आचार्य समन्तभद्र आचार्य पूज्यपाद (देवनन्दी) से પૂર્વવર્તી प्रमाणित होते है”
  2. रत्नकरण्ड श्रावकाचार का प्रतिपाद्य

    श्री राजीव प्रचंडिया · Jain Vidya, 1996

  3. जिनशासन के प्रभावक आचार्य अकलंक

    श्री रमाकान्त जैन · Jain Vidya, 1999

  4. युक्त्यनुशासनालंकार में प्रतिपादित नय

    Sangeeta Mehta, Br. Anil Jain Shastri · Jnana Desana, 2010

  5. समन्तभद्र के दर्शन में 'आप्त' की अवधारणा

    डॉ. राजवीरसिंह शेखावत · Jain Vidya, 1996

    “समन्तभद्र के अनुसारः जो नियम से वीतरागी, सर्वज्ञ ओर आगम का ईश है बह आप्तः“ है।”
  6. Jain Darshans ka Anya Darshanon se Dvirdh Avdaan (Hindi)

    Sagarmal Jain · Sambodhi, 2011

  7. जैन-न्याय के उन्नायक : भट्ट अकलंकदेव

    डॉ. राजेन्द्रकुमार बंसल · Jain Vidya, 1999

  8. सम्पादकीय

    Jain Vidya, 1999

  9. महाकवि पुष्पदंत की विचारदृष्टि एवं उपमानसृष्टि

    डं० श्रीमती पुष्पलता जैन · Jain Vidya, 1985

  10. अध्यात्म-साधक योगीन्दु और कबीर

    डॉ. (श्रीमती) पुष्पलता जैन · Jain Vidya, 1988

  11. आचार्य शिवार्य-कृत 'भगवती आराधना' में समाधिमरण

    डॉ. प्रेमचन्द्र रांवका · Jain Vidya, 2011

  12. करकण्डचरिउ में प्रतिपादित इतिहास व संस्कृति

    भागचन्द्र भास्कर · Jain Vidya, 1988

  13. आचार्य अकलंकदेव और उनका नय-विवेचन

    विद्यावाचस्पति डॉ. श्रीरंजनसूरिदेव · Jain Vidya, 1999

  14. तत्त्वार्थवार्तिक में वर्णित सम्यग्दर्शन का वैशिष्ट्य

    Pulak Goel · Jnana Desana, 2011

  15. प्रास्ताविक

    Jain Vidya, 1990

  16. प्रकाशकीय

    Jain Vidya, 1991

  17. अकलंकदेव की कृति तत्त्वार्थवार्तिक

    डॉ. रमेशचन्द जैन · Jain Vidya, 1999

  18. अनेकान्त के प्रतिष्ठापक आचार्य अकलंकदेव

    डॉ. अशोककुमार जैन · Jain Vidya, 1999